परिजन कृपया ध्यान दें
परमपूज्य गुरुदेव एवं परम वंदनीया माताजी ने नारी शक्ति के उत्कर्ष हेतु अथक पुरुषार्थ किया है। उनके इस कार्य को आगे बढ़ाने हेतु गायत्री तपोभूमि के पावन परिसर में पाँच दिवसीय ‘मातृशक्ति सम्मेलन’ आयोजित किया जा रहा है, जिसमें नारी उत्थान के कार्यक्रमों पर व्यावहारिक मार्गदर्शन दिया जाएगा।
परमवंदनीया माताजी का महाप्रयाण दिवस दिनांक 26 सितंबर को है तथा 30 सितंबर को परमवंदनीया माताजी की पावन जयंती (अवतरण दिवस) है। अतः इस ऐतिहासिक जन्मशताब्दी वर्ष में इस शिविर का विशेष महत्त्व भी है।
इसमें अधिकाधिक संख्या में वे बहनें जो क्षेत्र में मिशन के रचनात्मक कार्यों में जुटी हुई हैं, उन्हें अवश्य ही शिविर में भाग लेना चाहिए।
अपना नाम, पता, पिन कोड, मोबाइल नंबर, ई-मेल, आधार नंबर का विवरण भेजते हुए स्वीकृति माँग लें।
साधना, आत्मचिंतन एवं व्यक्तित्व निर्माण की दिशा में यह विशेष 40 दिवसीय साधना शिविर आयोजित किया जा रहा है। साधना के माध्यम से जीवन में अनुशासन, आत्मबल एवं सकारात्मक ऊर्जा का विकास करने का अवसर प्राप्त होगा।
इच्छुक परिजन निर्धारित समयावधि के अनुसार अपनी स्वीकृति प्राप्त करके ही शिविर में भाग लें।
स्वास्थ्य का जो शुल्क हम लगाते हैं, वह निम्नानुसार है —
परमपूज्य गुरुदेव ने अपने क्रांतिकारी विचारों को जन-जन तक पहुँचाने के लिए नित्य लेखन किया और पत्रिकाओं तथा 3200 पुस्तकों का सृजन कराया। पत्रिकाओं का प्रसार उनकी विचारधारा के प्रसार के लिए अत्यंत आवश्यक है।
पत्रिकाओं के प्रचार-प्रसार की समग्र योजना को समझने तथा सफल क्रियान्वयन हेतु यह शिविर आयोजित किए जा रहे हैं, जिसमें आप सभी परिवार अवश्य भागीदारी बनें।